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जम्मू-कश्मीर: उमर अब्दुल्ला मंत्रिमंडल में बड़ा फेरबदल, 4 नए मंत्री शामिल, कांग्रेस बाहर

नेशनल कॉन्फ्रेंस के 4 नेताओं ने ली शपथ, सतीश शर्मा मंत्रिमंडल से बाहर, कांग्रेस का समर्थन जारी.

एक मंच पर भारतीय झंडों के बीच कई लोग खड़े हैं, जिनमें से एक व्यक्ति पोडियम पर बोल रहा है।
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने अपने मंत्रिमंडल का पहला बड़ा विस्तार किया है, जिसमें 4 नए मंत्रियों ने शपथ ली है।
मुख्य बातें

जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने अपने मंत्रिमंडल का पहला बड़ा विस्तार किया है, जिसमें 4 नए मंत्रियों ने शपथ ली है, जबकि कांग्रेस ने पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल होने तक सरकार में मंत्री पद स्वीकार करने से इनकार कर दिया है।

  • उमर अब्दुल्ला मंत्रिमंडल में 4 नए मंत्रियों ने शपथ ली.
  • नेशनल कॉन्फ्रेंस के अली मोहम्मद सागर, शमीमा फिरदौस, मीर सैफुल्लाह और अल्ताफ अहमद कालू को शामिल किया गया.
  • मौजूदा मंत्री सतीश शर्मा को मंत्रिपरिषद से बाहर कर दिया गया है.
  • मंत्रिपरिषद में अब मुख्यमंत्री सहित कुल 9 सदस्य हैं, जो अधिकतम अनुमत संख्या है.
  • कांग्रेस ने जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल होने तक सरकार में शामिल होने से इनकार किया है.
  • शमीमा फिरदौस के शामिल होने से मंत्रिपरिषद में महिला सदस्यों की संख्या 2 हो गई है.

श्रीनगर, 27 अक्टूबर 2026। जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने मंगलवार को अपने मंत्रिमंडल का पहला बड़ा विस्तार किया। श्रीनगर स्थित लोक भवन में आयोजित समारोह में चार नए मंत्रियों ने पद और गोपनीयता की शपथ ली। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने सभी को शपथ दिलाई।

इन चार नेताओं को मिली मंत्रिमंडल में जगह नेशनल कॉन्फ्रेंस के अली मोहम्मद सागर, शमीमा फिरदौस, मीर सैफुल्लाह और अल्ताफ अहमद कालू को मंत्रिमंडल में शामिल किया गया है।

अली मोहम्मद सागर श्रीनगर की खानयार विधानसभा सीट से सात बार विधायक चुने जा चुके हैं। मीर सैफुल्लाह चार बार विधायक रह चुके हैं और पहले भी मंत्री पद संभाल चुके हैं।

शमीमा फिरदौस श्रीनगर के हब्बा कदल क्षेत्र से विधायक हैं, जबकि अल्ताफ अहमद कालू दक्षिण कश्मीर के पहलगाम क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं।

सतीश शर्मा मंत्रिमंडल से बाहर मंत्रिमंडल विस्तार के साथ ही मौजूदा मंत्री सतीश शर्मा को मंत्रिपरिषद से बाहर कर दिया गया है।

इस फेरबदल के बाद मुख्यमंत्री सहित जम्मू-कश्मीर मंत्रिपरिषद में कुल नौ सदस्य हो गए हैं। केंद्रशासित प्रदेश में कानून के अनुसार मंत्रियों की अधिकतम अनुमत संख्या नौ है।

नए मंत्रियों को विभागों का आवंटन अभी स्पष्ट होना बाकी है।

कांग्रेस ने सरकार में शामिल होने से किया इनकार नेशनल कॉन्फ्रेंस की सहयोगी कांग्रेस ने मंत्रिमंडल में शामिल नहीं होने का अपना फैसला बरकरार रखा है।

कांग्रेस का कहना है कि जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल होने तक वह सरकार में मंत्री पद स्वीकार नहीं करेगी। हालांकि, पार्टी उमर अब्दुल्ला सरकार को बाहर से समर्थन देना जारी रखेगी।

साल 2024 के विधानसभा चुनाव में दोनों पार्टियों ने गठबंधन के तहत चुनाव लड़ा था।

क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व पर भी नजर नए मंत्रियों के चयन में कश्मीर घाटी के विभिन्न क्षेत्रों को प्रतिनिधित्व दिया गया है। अली मोहम्मद सागर और शमीमा फिरदौस श्रीनगर से आते हैं, जबकि मीर सैफुल्लाह उत्तरी कश्मीर और अल्ताफ कालू दक्षिण कश्मीर का प्रतिनिधित्व करते हैं।

शमीमा फिरदौस के शामिल होने से मंत्रिपरिषद में महिला सदस्यों की संख्या दो हो गई है।

वहीं, वरिष्ठ नेशनल कॉन्फ्रेंस नेता मुबारक गुल ने मंत्रिमंडल में जगह नहीं मिलने पर निराशा व्यक्त की है।

अक्टूबर 2024 में सरकार बनने के लगभग दो वर्ष बाद हुए इस फेरबदल से उमर अब्दुल्ला की प्रशासनिक टीम का नया स्वरूप सामने आया है।

प्रकाशित: मंगलवार, 27 अक्टूबर 2026 | 3:09 PM IST

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